किसानों को हर हाल में 10 घंटे बिजली निर्बाध सिंचाई किसानों को मिलेगी सीएम ,
मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव के आदेशो का पालन उमरिया जिले में बेअसर,
राजर्षि मिश्रा उमरिया
तहसील मानपुर अंतर्गत ग्राम चिल्हारी में स्थित विद्युत सब स्टेशन की बदहाल व्यवस्था से ग्रामीणों को भारी परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है। आए दिन बिजली कटौती, लो-वोल्टेज और घंटों तक सप्लाई बंद रहने से आम जनजीवन प्रभावित हो रहा है। भीषण गर्मी के बीच लोगों का जीना मुश्किल हो गया है।
ग्रामीणों का कहना है कि चिल्हारी सब स्टेशन में तकनीकी खराबियों और उचित देखरेख के अभाव के कारण बार-बार बिजली बाधित होती है। किसानों की सिंचाई व्यवस्था प्रभावित हो रही है, वहीं विद्यार्थियों की पढ़ाई और छोटे व्यापारियों का कामकाज भी ठप पड़ रहा है। रात के समय अचानक बिजली गुल होने से लोगों में डर और नाराज़गी बढ़ रही है रात्रि कालीन घंटे घंटे बिजली गुल रहती जिससे भीषण गर्मीमें अफरा तफरी मच जाती है वही रात्रि कालीन बिजली बंद होने से चोरों का डर भी बना रहता है ।
स्थानीय नागरिकों ने विभागीय अधिकारियों से जल्द सुधार कार्य कराने, ट्रांसफार्मर और लाइन व्यवस्था दुरुस्त करने तथा नियमित बिजली सप्लाई सुनिश्चित करने की मांग की है। ग्रामीणों का कहना है कि यदि जल्द समाधान नहीं हुआ तो जनता के पैसे टैक्स से वेतन लेने वाले ऐसे अधिकारियों पर जिला प्रशासन कार्यवाही करें नही जनता सड़कों पर उतरकर प्रदर्शन करने को मजबूर होंगे।
किसानों को 8 घंटे बिजली में कैसे होगी सिंचाई चिंता का विषय सीएम का अदेश का उल्लघंन।
भरेवा स्टेशन एवं सबस्टेशन चिल्हारी से लगे 40 गांवों में बिजली संकट गहराता जा रहा है किसान ने सरकार पर निशाना साधते हुए कहा कि अटल ज्योति योजना के तहत ग्रामीण घरेलू कनेक्शन धारियों को 24 घंटे एवं किसानों को सिंचाई के लिए 10 घंटे निर्बाध बिजली देने का वादा खोखला साबित हो रहा है जबकि प्रदेश के मुखिया डॉक्टर मोहन यादव ने बिजली विभाग के वरिष्ठ अधिकारियों को कृषि कार्य के लिए 10 घंटे हर हाल निर्बाध बिजली देने के लिए निर्देश दिए थे लेकिन उमरिया जिले में प्रदेश के मुखिया डॉक्टर मोहन यादव केआदेश का खुलेआम धज्जियां उड़ाई जा रही वही एक तरफ किसानों को सिंचाई के लिए 8 घंटे बिजली दी जा रही उसमें भी हर एक घंटे बिजली कटौती की जा रही है जिससे किसान सिंचाई करने में असमर्थ हैं वही किसानों को 10 घंटे निर्बाध बिजली देने आदेश मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव जी अधिकारियों को दिए थे लेकिन उमरिया में पालन होते नही दिख रहा।
सवाल यह खड़ा हो रहा है कि कृषि प्रधान देश में किसानों पर ही यह सब नियम कानून है वही फैक्ट्री कारखाने में दिन रात बिजली दी जा रही है 8 घंटे बिजली किसानों को उसमें भी कटौती प्रदेश का अन्नदाता कैसै आय दोगुनी होगी किसानों ने नाराज़गी जताई है किसान संतोष द्विवेदी रामसजीवन पटेल, भागवत काछी, संतोष चौधरी,नंदूलाल यादव, बीरेंद्र यादव सहित अन्य किसानों ने प्रदेश लोकप्रिय मुख्यमंत्री डॉ मोहन यादव से मांग की है कि सूचारू रुप से सिचाई के लिए कम से कम 10 घंटे बिजली पर्याप्त दिलवाईं जाएं जिससे सिंचाई हो सके उर्दा मूंग बागवानी फसल में बिजली के अभाव में सिंचाई ना होने से संकट के बादल मंडरा रहे हैं ।
राजर्षि मिश्रा की कलम से✍️





