जिले में बांस शिल्पकला तथा बांस उत्पादन को दिया जाए बढ़ावा- अध्यक्ष श्री पिरौनिया

नसीम खान संपादक


मप्र बांस एवं बांस शिल्प विकास बोर्ड के अध्यक्ष श्री पिरौनिया की अध्यक्षता में वन विभाग की बैठक सम्पन्न

रायसेन,
कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में मप्र बांस एवं बांस शिल्प विकास बोर्ड के अध्यक्ष केबिनेट मंत्री दर्जा प्राप्त श्री घनश्याम पिरौनिया की अध्यक्षता में वन विभाग की बैठक आयोजित की गई। जिसमें वन मण्डलाधिकारी रायसेन श्री विजय कुमार, वन मण्डलाधिकारी औबेदुल्लागंज श्री हेमंत रैकवार, उप वन मण्डलाधिकारी तथा रेंज अधिकारी शामिल हुए।
बोर्ड के अध्यक्ष श्री पिरौनिया ने कहा कि बांस शिल्पियों के कल्याण के लिए बोर्ड का गठन किया गया है। बांस शिल्पियों को सरकार की योजनाओं तथा विकासमूलक कार्यक्रमों का लाभ दिलाया जाए। उन्होंने कहा कि जिले में बांस रोपण को बढ़ावा देने के लिए किसानों को प्रोत्साहित किया जाए। बांस से सोफा, कुर्सियां सहित अनेक सजावटी एवं अन्य सामग्री बनाई जाती है। जिले में बांस शिल्पकारों को इसका प्रशिक्षण दिया जाए। इससे रोजगार के अवसर भी बढ़ेंगे। स्थानीय स्तर पर बांस के उत्पादन से रोजगार के नवीन अवसर उपलब्ध होंगे।
बैठक में जिले में बांस रोपण, बांस कृषि एवं बांस शिल्प को बढ़ावा देने के संबंध में विस्तार से चर्चा की गई। जिला पंचायत सदस्य श्री राजेन्द्र बघेल, श्री कन्हैलाल सूरमा, श्री राकेश शर्मा द्वारा जिले में बांस रोपण तथा बांस शिल्पकला को बढ़ावा देने के संबंध में अनेक महत्वपूर्ण सुझाव भी दिए गए। जिला पंचायत सदस्य श्री बघेल द्वारा कृषकों को चिन्हांकित कर बांस रोपण हेतु प्रस्ताव दिए गए। जिस पर वन मण्डलाधिकारी द्वारा रोपण हेतु प्रतिबद्धता दर्शायी गई। इसी प्रकार गॉवों में सड़क मार्गो के दोनों ओर बांस रोपण करने का भी सुझाव दिया गया।
बैठक में वन मण्डलाधिकारी रायसेन श्री विजय कुमार ने बताया कि जिले में नरेगा योजना के तहत 200 हैक्टेयर क्षेत्र में बांस का प्लांटेशन किया गया है। इसमें वृद्धि के लिए भी किसानों को प्रोत्साहित किया जा रहा है। साथ ही जिले में 215 षिल्पकारों को बांस उपलब्ध कराए जा रहे हैं। उन्होंने जिले में बांस प्लांटेशन को बढ़ावा देने के लिए किए जा रहे कार्यो के बारे में भी अवगत कराया। बैठक के पहले बांस एवं बांस शिल्प विकास बोर्ड के अध्यक्ष श्री पिरौनिया द्वारा बांस शिल्पियों से मुलाकात भी की गई। उन्होंने कहा कि वन विभाग डिपो से बांस शिल्पियों को प्रतिवर्ष 1500 बांस उपलब्ध हो सकते हैं। अध्यक्ष श्री पिरौनिया द्वारा बापू आश्रम, मिश्र तालाब, रानी दुर्गावती कन्या छात्रावास एवं आंबा गांव में बांस रोपण कार्य किया गया।

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