नसीम खान सांची
अंतरराष्ट्रीय तंबाकू निषेध दिवस पर नशा मुक्ति शिविर एवं पोस्टर प्रदर्शनी आयोजित, तंबाकू के दुष्परिणामों से कराया अवगत।
सांची,,, अंतरराष्ट्रीय तंबाकू निषेध दिवस के अवसर पर सामाजिक न्याय एवं दिव्यांग सशक्तिकरण विभाग के सहयोग तथा कलेक्टर अरुण कुमार के मार्गदर्शन में उत्कर्ष नशा मुक्ति केंद्र, सांची एवं अजंता ललित कला समाज कल्याण समिति द्वारा रायसेन जिले की गैरतगंज तहसील के देवनगर एवं गढ़ी ग्राम पंचायतों में नशा मुक्ति शिविर और पोस्टर प्रदर्शनी का आयोजन किया गया। कार्यक्रम में स्थानीय नागरिकों, जनप्रतिनिधियों एवं पुलिस प्रशासन के अधिकारियों ने भाग लेकर समाज को नशे के दुष्परिणामों के प्रति जागरूक किया।
इस अवसर पर उत्कर्ष नशा मुक्ति केंद्र के डायरेक्टर एवं नशा मुक्त भारत अभियान के मास्टर ट्रेनर वेद प्रकाश शर्मा ने तंबाकू सेवन के दुष्परिणामों पर विस्तार से प्रकाश डालते हुए कहा कि भारत में लगभग 27 करोड़ लोग किसी न किसी रूप में तंबाकू का सेवन करते हैं तथा इसके कारण प्रतिदिन हजारों लोगों की मृत्यु होती है। उन्होंने बताया कि विश्व स्वास्थ्य संगठन (WHO) ने इस वर्ष अंतरराष्ट्रीय तंबाकू निषेध दिवस की थीम “आकर्षण का पर्दाफाश और तंबाकू की लत से मुकाबला” निर्धारित की है, जिसका उद्देश्य युवाओं को तंबाकू उत्पादों के भ्रामक प्रचार-प्रसार और आकर्षण से दूर रखना है।
वेद प्रकाश शर्मा ने बताया कि तंबाकू में निकोटीन सहित अनेक घातक रसायन पाए जाते हैं, जो फेफड़ों के कैंसर, हृदयाघात, स्ट्रोक, सीओपीडी, मुंह एवं गले के कैंसर जैसी गंभीर बीमारियों का प्रमुख कारण हैं। इसके अलावा तंबाकू सेवन से पाचन तंत्र कमजोर होता है तथा क्रोनिक ब्रोंकाइटिस, अस्थमा, उच्च रक्तचाप और हृदय रोगों का खतरा भी बढ़ जाता है। उन्होंने कहा कि निष्क्रिय धूम्रपान भी उतना ही खतरनाक है, क्योंकि धूम्रपान करने वालों के संपर्क में रहने वाले लोगों को भी कैंसर और श्वसन संबंधी बीमारियों का जोखिम बना रहता है।
देवनगर में आयोजित कार्यक्रम में समाजसेवी कैलाश शर्मा, जनपद सदस्य प्रतिनिधि डॉ. दीपक धाकड़ एवं सरपंच प्रतिनिधि राजेंद्र श्रीवास्तव ने संबोधित करते हुए नशे के खिलाफ व्यापक जनजागरूकता अभियान चलाने की आवश्यकता बताई।
वहीं गढ़ी ग्राम पंचायत में आयोजित कार्यक्रम में थाना प्रभारी वीरेंद्र विश्वकर्मा, पूर्व जनपद सदस्य एवं पूर्व सरपंच भागचंद चौरसिया तथा समाजसेवी मोहन जाटव ने क्षेत्र को नशामुक्त बनाने के लिए जनसहयोग की आवश्यकता पर बल दिया।
कार्यक्रम में उत्कर्ष नशा मुक्ति केंद्र के काउंसलर अतुल जाट, कीर्ति शर्मा एवं विकास शर्मा ने भी अपने विचार व्यक्त किए। अंत में उपस्थित जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों को तंबाकू सेवन न करने तथा सार्वजनिक स्थलों को तंबाकू मुक्त बनाए रखने की शपथ दिलाई गई।
“नशा मुक्त समाज का निर्माण केवल सरकारी प्रयासों से नहीं, बल्कि जनभागीदारी और जागरूकता से ही संभव है।”





