सांची नगर में स्ट्रीट लाइट के झुके खंभे बनीं खतरे की घंटी, प्रशासन बेपरवाह।

नसीमखान
सांची,,
विश्व प्रसिद्ध पर्यटन स्थल सांची नगर से गुजरने वाले राष्ट्रीय राजमार्ग पर लगे स्ट्रीट लाइट के खंभे इन दिनों दुर्घटनाओं को खुला निमंत्रण दे रहे हैं। सरकार द्वारा नगर की सुंदरता और रोशनी के नाम पर करोड़ों रुपये खर्च कर स्ट्रीट लाइट्स और खंभे लगाए गए थे, लेकिन घटिया निर्माण सामग्री के उपयोग के चलते ये व्यवस्था अब पूरी तरह चरमरा गई है।
नगरवासियों का कहना है कि जब-जब सड़कों पर अंधेरा छाया, तब-तब मरम्मत के नाम पर लाखों की राशि खर्च की गई, लेकिन यह मरम्मत भी टिकाऊ नहीं साबित हुई। वर्तमान में अधिकांश स्ट्रीट लाइट्स बंद पड़ी हैं और खंभे झुके हुए हैं, जो न केवल दृश्यता में बाधा बन रहे हैं, बल्कि राहगीरों और वाहन चालकों की जान के लिए भी खतरा बने हुए हैं।
बारिश के चलते स्थिति और भी विकट हो गई है। एक ओर सर्विस रोड पर फैली मिट्टी वाहन चालकों के लिए फिसलन का कारण बन रही है, वहीं दूसरी ओर मुख्य मार्ग पर जमा मिट्टी से हादसे की आशंका और बढ़ गई है। इसके साथ ही स्ट्रीट लाइट के खंभे राष्ट्रीय राजमार्ग की लोहे की रैलिंग के संपर्क में आने से करंट फैलने की भी गंभीर आशंका जताई जा रही है।
स्थानीय नागरिकों का कहना है कि कई खंभे इतने कमजोर हैं कि भारी वाहन के पास से गुजरते ही उनकी हवा से ही ये हिलने लगते हैं। बावजूद इसके, न तो राष्ट्रीय राजमार्ग प्राधिकरण और न ही स्थानीय प्रशासन ने इस गंभीर समस्या की ओर कोई ध्यान दिया है। स्थिति यह है कि बरसात के दिनों में संभावित हादसों के प्रति प्रशासन पूरी तरह से आंख मूंदे बैठा है।
ऐसा प्रतीत होता है कि जिम्मेदार तंत्र किसी बड़ी अनहोनी की प्रतीक्षा कर रहा है। जबकि ज़मीनी हकीकत यह है कि थोड़ी सी भी लापरवाही किसी जानलेवा हादसे का कारण बन सकती है। जरूरत है कि प्रशासन तत्काल संज्ञान लेकर स्ट्रीट लाइट व्यवस्था की समीक्षा करे और खतरनाक खंभों को हटाकर सुरक्षित वैकल्पिक व्यवस्था सुनिश्चित करे।

  • editornaseem

    Related Posts

    सांदीपनि शासकीय विद्यालय में शुल्क व्यवस्था पर उठे सवाल, अभिभावकों ने जताई चिंता

    नसीमखान सांची माध्यमिक स्तर तक शिक्षा निःशुल्क, उच्च कक्षाओं में विभिन्न मदों के शुल्क से बढ़ी चर्चा; विद्यालय प्रबंधन ने दी सफाईसांची,,,नगर के सांदीपनि शासकीय विद्यालय में कक्षा 9 से…

    अचानक बदले मौसम ने दी राहत, झमाझम बौछारों से गर्मी का असर हुआ कम।लंबे इंतजार के बाद मौसम ने ली करवट, किसानों के साथ आमजन के चेहरों पर लौटी राहत

    नसीमखान सांची, रायसेनसांची,,,नगर सहित आसपास के क्षेत्र में लंबे समय से पड़ रही भीषण गर्मी और उमस से जनजीवन प्रभावित हो रहा था। तेज धूप और बढ़ते तापमान के कारण…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    सांदीपनि शासकीय विद्यालय में शुल्क व्यवस्था पर उठे सवाल, अभिभावकों ने जताई चिंता

    सांदीपनि शासकीय विद्यालय में शुल्क व्यवस्था पर उठे सवाल, अभिभावकों ने जताई चिंता

    अचानक बदले मौसम ने दी राहत, झमाझम बौछारों से गर्मी का असर हुआ कम।लंबे इंतजार के बाद मौसम ने ली करवट, किसानों के साथ आमजन के चेहरों पर लौटी राहत

    अचानक बदले मौसम ने दी राहत, झमाझम बौछारों से गर्मी का असर हुआ कम।लंबे इंतजार के बाद मौसम ने ली करवट, किसानों के साथ आमजन के चेहरों पर लौटी राहत

    खाद की किल्लत से जूझ रहे किसान, डिजिटल व्यवस्था बनी नई परेशानी।सर्वर और नेटवर्क की समस्या के कारण समय पर खाद नहीं मिलने से किसानों की बढ़ी चिंता, आगामी फसल तैयारी प्रभावित होने की आशंका

    खाद की किल्लत से जूझ रहे किसान, डिजिटल व्यवस्था बनी नई परेशानी।सर्वर और नेटवर्क की समस्या के कारण समय पर खाद नहीं मिलने से किसानों की बढ़ी चिंता, आगामी फसल तैयारी प्रभावित होने की आशंका

    बेधड़क दौड़ते वाहन, अव्यवस्थित यातायात और बढ़ती चिंता—सांची में व्यवस्था पर उठने लगे सवाल

    बेधड़क दौड़ते वाहन, अव्यवस्थित यातायात और बढ़ती चिंता—सांची में व्यवस्था पर उठने लगे सवाल

    सांची के बेसहारों को मिला सहारा, ‘अपना घर आश्रम’ ने बढ़ाया मानवीय सहयोग का हाथ

    सांची के बेसहारों को मिला सहारा, ‘अपना घर आश्रम’ ने बढ़ाया मानवीय सहयोग का हाथ

    पांव से मोहताज, फिर भी योग के प्रति उत्साह कम नहीं — पूर्व पार्षद ने घर पर किया योगाभ्यास।घुटनों की बीमारी के बावजूद अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर दिया स्वास्थ्य जागरूकता का संदेश

    पांव से मोहताज, फिर भी योग के प्रति उत्साह कम नहीं — पूर्व पार्षद ने घर पर किया योगाभ्यास।घुटनों की बीमारी के बावजूद अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर दिया स्वास्थ्य जागरूकता का संदेश