नसीमखान सांची
महिलाओं की सुरक्षा, साइबर जागरूकता, यातायात अनुशासन और अपराध नियंत्रण को बताया प्राथमिक लक्ष्य।
सांची,,, सांची थाना के नवागत थाना प्रभारी रामविलोचन शर्मा ने पदभार ग्रहण करने के बाद पहली बार पत्रकारों से चर्चा करते हुए अपनी कार्यप्रणाली और प्राथमिकताओं से अवगत कराया। उन्होंने स्पष्ट कहा कि क्षेत्र में कानून का राज कायम रखना उनकी सर्वोच्च प्राथमिकता होगी तथा अपराध एवं अनैतिक गतिविधियों के विरुद्ध प्रभावी कार्रवाई की जाएगी।
थाना प्रभारी शर्मा ने कहा कि नगर एवं ग्रामीण क्षेत्र में जुआ, सट्टा, अवैध शराब के कारोबार सहित अन्य गैरकानूनी गतिविधियों पर सख्ती से अंकुश लगाया जाएगा। अपराधियों के विरुद्ध कानून के अनुसार कार्रवाई करते हुए क्षेत्र में शांति एवं सुरक्षा का वातावरण बनाए रखने के लिए पुलिस पूरी प्रतिबद्धता से कार्य करेगी।
उन्होंने कहा कि महिलाओं एवं छात्राओं की सुरक्षा सर्वोच्च प्राथमिकता रहेगी। विद्यालयों में जागरूकता कार्यक्रम आयोजित कर छात्राओं को सुरक्षा संबंधी जानकारी दी जाएगी। साथ ही साइबर अपराधों से बचाव के लिए विशेष जागरूकता अभियान चलाकर आम नागरिकों को ऑनलाइन ठगी और साइबर अपराधों से सतर्क रहने के लिए प्रेरित किया जाएगा।
यातायात व्यवस्था को लेकर थाना प्रभारी ने कहा कि नियमों का पालन सुनिश्चित कराया जाएगा। विशेष रूप से नाबालिगों द्वारा वाहन चलाने की प्रवृत्ति पर रोक लगाने के लिए उनके अभिभावकों को भी जागरूक किया जाएगा। इसके अलावा होटल एवं लॉज संचालकों से नियमानुसार ठहरने वाले लोगों का विवरण उपलब्ध कराने की अपेक्षा की जाएगी।
नगर में चोरी की घटनाओं पर प्रभावी नियंत्रण के लिए रात्रिकालीन गश्त बढ़ाने तथा आम नागरिकों के सहयोग से सुरक्षा व्यवस्था को और मजबूत बनाने की बात भी उन्होंने कही। उन्होंने बताया कि फरार वारंटियों की गिरफ्तारी के लिए भी विशेष अभियान चलाया जाएगा।
थाना प्रभारी शर्मा ने बताया कि नगर परिषद के प्रतिनिधियों से भी इस संबंध में चर्चा की गई है और कानून व्यवस्था बनाए रखने में जनप्रतिनिधियों एवं नागरिकों के सहयोग की अपेक्षा की गई है। उन्होंने कहा कि पुलिस और जनता के समन्वय से ही सुरक्षित एवं अपराधमुक्त वातावरण तैयार किया जा सकता है। उन्होंने पत्रकारों की भूमिका को भी महत्वपूर्ण बताते हुए सकारात्मक सहयोग की अपेक्षा व्यक्त की।
“पुलिस का उद्देश्य केवल कार्रवाई करना नहीं, बल्कि जनता के सहयोग से सुरक्षित, शांतिपूर्ण और कानूनसम्मत वातावरण स्थापित करना है।”





