नसीम खान
सांची में गणेश प्रतिमा स्थापना से पहले नगर परिषद की पहल, मिट्टी की पर्यावरण अनुकूल मूर्तियों को प्राथमिकता देने का आह्वान
सांची,,,आगामी गणेशोत्सव को लेकर नगर परिषद सांची द्वारा पर्यावरण संरक्षण की दिशा में पहल करते हुए प्लास्टर ऑफ पेरिस (पीओपी) से निर्मित मूर्तियों के उपयोग पर रोक लगाने की अपील की गई है। नगर परिषद की ओर से जारी जागरूकता के माध्यम से नागरिकों से पीओपी की मूर्तियों के स्थान पर पर्यावरण अनुकूल मिट्टी की मूर्तियों को प्राथमिकता देने का आग्रह किया गया है।
कि पीओपी से बनी मूर्तियां जलस्रोतों में विसर्जित होने के बाद जल प्रदूषण के साथ-साथ मिट्टी की गुणवत्ता और पर्यावरण को नुकसान पहुंचा सकती हैं। वहीं मिट्टी से निर्मित पर्यावरण अनुकूल मूर्तियां जल एवं मिट्टी के लिए अपेक्षाकृत सुरक्षित रहती हैं।
नगर परिषद ने नागरिकों से मूर्ति विसर्जन के लिए निर्धारित स्थल एवं व्यवस्था का ही उपयोग करने तथा जलस्रोतों को स्वच्छ एवं प्रदूषण मुक्त रखने में सहयोग करने की अपील की है। पीओपी की मूर्तियों के निर्माण, विक्रय, भंडारण, उपयोग एवं विसर्जन पर पर्यावरण संरक्षण अधिनियम के तहत कार्रवाई की जानकारी भी दी गई है। नियमों के उल्लंघन पर 5 हजार रुपये तक का जुर्माना लगाए जाने की बात कही गई है तथा अवैध निर्माण एवं विक्रय पर सामग्री जब्त कर कानूनी कार्रवाई की चेतावनी दी गई है।
मिट्टी की मूर्ति अपनाएं, पर्यावरण बचाएं
नगर परिषद ने नागरिकों से अपील की है कि आस्था के पर्व को पर्यावरण संरक्षण से जोड़ते हुए मिट्टी की प्रतिमाओं का उपयोग करें और निर्धारित विसर्जन स्थल पर ही प्रतिमाओं का विसर्जन करें।
आस्था भी रहे, पर्यावरण भी सुरक्षित रहे—यही गणेशोत्सव का सच्चा संदेश है।





