वसीम कुरैशी रिपोर्टर
रायसेन।एक हफ्ते से भी ज्यादा समय बाद मानसून “ब्रेक’ की स्थिति खत्म होने की संभावना बनने लगी है। बंगाल की खाड़ी में बने कम दबाव के क्षेत्र की वजह से हिमालय की तराई में रुकी मानसून ट्रफ अब नीचे यानि दक्षिण की ओर आ रही है। इसका असर गुरुवार शुक्रवार से दिखाई देने लगा। शहर में करीब 10 से 15 मिनट के बीच बारिश हुई। हालांकि यह बारिश लोकल सिस्टम के कारण बने बादलों के कारण हुई।फिलहाल आसमान पर काले भूरे रंग के बादल छाए हुए हैं।
इसलिए इसका फैलाव सीमित ही रहा। लेकिन बंगाल की खाड़ी में बने सिस्टम के कारण जो नमी आएगी, उससे इस तरह की बारिश होने की संभावना बढ़ जाएगी। मौसम विभाग के पूर्वानुमान में बताया गया है कि 17 से 21 अगस्त तक बारिश होने की संभावना है। हालांकि इस दौरान 19 अगस्त के अलावा अन्य दिनों में तेज बारिश की उम्मीद नहीं है। इन पांच दिन में ज्यादातर समय गरज-चमक के साथ कहीं-कहीं तेज बारिश हो सकती है।
फसलों को लेकर भी दी सलाह ….
कृषि वैज्ञानिक डॉ स्वप्निल दुबे ने धान सोयाबीन एवं अन्य दलहनी फसलों में निदाई, गुढ़ाई के माध्यम से खरपतवारों को नष्ट करने की सलाह दी है।कृषि वैज्ञानिक डॉ दुबे के मुताबिक इससे पानी के वाष्पीकरण को कम किया जा सकेगा। जिन जगहों पर फफूंद जनक रोगों व इल्लियों का प्रकोप है, वहां कृषि विभाग द्वारा अनुशंसित दवाओं का इस्तेमाल किया जाए।
नसीम खान संपादक






