नसीमखान सांची, रायसेन
रायसेन,
भारत की जनगणना 2026-27 के अंतर्गत जनगणना कार्य निदेशालय के निर्देशानुसार जनगणना का कार्य प्रारंभ हो गया है। कलेक्टर श्री अरूण कुमार विश्वकर्मा ने बताया कि बताया कि जिले में एक मई से प्रारंभ होने वाले चरण में सुव्यवस्थित, पारदर्शी एवं समयबद्ध रूप से संपादित करने के उद्देश्य से सभी तैयारियां पूर्ण कर ली गई है। उन्होंने जनगणना कार्य में संलग्न अधिकारियों-कर्मचारियों को शुचितापूर्ण और व्यवस्थित जनगणना के लिये निर्देश दिये गये है। रायसेन जिला जनगणना-2027 की स्व-गणना में प्रदेश में पहले स्थान पर है। जिले में 30 अप्रैल तक 124679 नागरिकों ने स्व-गणना पूरी की है, जो राज्य में सर्वाधिक है। जिले में मिशन मोड में अभियान चलाया गया है, जिसमें अधिकारियों और मैदानी अमले की सक्रिय भागीदारी रही है।
रायसेन जिले को कुल 25 चार्जो में बांटा गया है जिसमें कुल 2387 प्रगणकों की नियुक्ति की गई है। इसमें ग्रामीण क्षेत्रों में 1768 तथा शहरी क्षेत्रों में 619 प्रगणकों की नियुक्ति की गई है। इसके साथ ही प्रगणकों के कार्यों की मॉनिटरिंग के लिए प्रत्येक 6 प्रगणकों पर एक पर्यवेक्षक की नियुक्ति की गई है। ग्रामीण क्षेत्रों में 300 पर्यवेक्षक और शहरी क्षेत्रों में 112 पर्यवेक्षक नियुक्त किए गए हैं। जिले की सभी तहसीलों में प्रगणकों एवं पर्यवेक्षकों का प्रशिक्षण दिया गया है। जनगणना के दौरान घर की बनावट (छत, दीवार, फर्श), मकान नंबर, परिवार के सदस्यों की संख्या, और सुविधाओं (पानी, बिजली, शौचालय, वाहन) से जुड़े 33 सवाल पूछे जाएंगे। मकानों की जियो-टैगिंग की जाएगी, जिससे सही डिजिटल मैपिंग हो सके। मकान सूचीकरण और आवास गणना 1 मई से शुरू होकर 30 मई तक जारी रहेगी, जिसमें प्रत्येक संरचना को एक विशिष्ट पहचान संख्या दी जाएगी। रायसेन जिले में कुल 2794 हाउसलिस्टिंग ब्लॉक बनाए गए हैं जिनमें ग्रामीण क्षेत्रों में 2203 हाउसलिस्टिंग ब्लॉक और शहरी क्षेत्रों में 591 हाउसलिस्टिंग ब्लॉक बनाए गए हैं। एक मई से 30 मई के बीच प्रगणक अपने-अपने आवंटित हाउसलिस्टिंग ब्लॉकों में भवन क्रमांक अंकित कर मकान सूचीकरण का कार्य संपन्न करेंगे।





