नसीमखान सांची
सांची,,सलामतपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत ग्राम मुक्तापुर में लंबे समय से बनी पेयजल समस्या शनिवार को उग्र विरोध का कारण बन गई। गांव में लगातार गहराते जल संकट और जिम्मेदार विभागों द्वारा समय पर समाधान नहीं किए जाने से नाराज ग्रामीणों ने राष्ट्रीय राजमार्ग पर चक्का जाम कर दिया। करीब एक घंटे तक चले इस प्रदर्शन के दौरान सड़क के दोनों ओर वाहनों की लंबी कतारें लग गईं। सूचना मिलने पर पुलिस मौके पर पहुंची और समझाइश के बाद मार्ग बहाल कराया गया।
प्राप्त जानकारी के अनुसार ग्राम मुक्तापुर के ग्रामीण कई दिनों से पेयजल संकट का सामना कर रहे हैं। ग्रामीणों का आरोप है कि समस्या को लेकर कई बार ग्राम पंचायत एवं संबंधित प्रशासनिक अधिकारियों को अवगत कराया गया, लेकिन कोई ठोस कार्रवाई नहीं हुई। लगातार बढ़ती परेशानी के बीच ग्रामीणों का धैर्य जवाब दे गया और वे खाली पानी के बर्तन लेकर राष्ट्रीय राजमार्ग पर पहुंच गए तथा विरोध प्रदर्शन शुरू कर दिया।
चक्का जाम के कारण भोपाल एवं विदिशा दिशा की ओर जाने वाले वाहनों की आवाजाही प्रभावित रही और सड़क पर लंबा जाम लग गया। स्थिति की जानकारी मिलते ही सलामतपुर पुलिस मौके पर पहुंची और ग्रामीणों को समझाने का प्रयास किया। बाद में पुलिस द्वारा मार्ग खाली कराकर यातायात सामान्य कराया गया।
ग्रामीणों ने यह भी बताया कि प्रदर्शन के दौरान पुलिस एक युवक को थाने लेकर गई थी, जिसके बाद गांव के महिला एवं पुरुष थाने पहुंचे। बाद में युवक को समझाइश और माफी के बाद छोड़ दिया गया।
ग्रामीणों का कहना है कि गांव में लंबे समय से पेयजल संकट बना हुआ है और कई स्तरों पर शिकायतों के बावजूद समस्या का निराकरण नहीं हो सका। उनका कहना है कि जब लगातार मांगों के बाद भी समाधान नहीं मिला तो उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए मजबूर होना पड़ा।
उल्लेखनीय है कि वर्तमान में ग्रामीण एवं नगरीय क्षेत्रों में जनकल्याण शिविरों के माध्यम से जनसमस्याओं के त्वरित निराकरण के प्रयास किए जा रहे हैं, लेकिन इसके बावजूद यदि ग्रामीणों को मूलभूत सुविधा के लिए सड़क पर उतरना पड़े तो यह व्यवस्था की प्रभावशीलता पर भी प्रश्न खड़े करता है।
जब पानी जैसी मूलभूत आवश्यकता भी संघर्ष का कारण बन जाए, तब यह केवल एक गांव की समस्या नहीं बल्कि व्यवस्था के लिए गंभीर संकेत बन जाती है।





