नसीम खान संपादक
स्वास्थ्य मंत्री डॉ चौधरी ने जिला अस्पताल में चार करोड़ रू से अधिक राशि के सिविल एवं विद्युतीय कार्य का किया शिलान्यास
एक करोड़ 34 लाख रू लागत के इंटीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब का किया भूमिपूजन
रायसेन,
स्वास्थ्य मंत्री डॉ प्रभुराम चौधरी द्वारा रायसेन स्थित जिला चिकित्सालय में 200 बिस्तरीय से 350 बिस्तरीय जिला अस्पताल भवन उन्नयन के अतिरिक्त लगभग 408 लाख रु लागत के निर्माण सिविल एवं विद्युतीय कार्य का शिलान्यास किया गया और 133.98 लाख रुपए लागत के इंट्रीग्रेटेड पब्लिक हेल्थ लैब के निर्माण कार्य का भूमिपूजन किया गया। इसके पूर्व उन्होंने कन्यापूजन और दीप प्रज्जवलन कर कार्यक्रम का शुभारंभ किया।
इस अवसर पर स्वास्थ्य मंत्री डॉ चौधरी ने उपस्थित जनसमुदाय को संबोधित करते हुए कहा कि नागरिकों का स्वास्थ्य, बेहतर और समुचित उपचार पहली प्राथमिकता है। नागरिक स्वस्थ्य रहेंगे तो दोगुनी गति और ऊर्जा से काम करेंगे। उन्होंने कहा कि रायसेन जिले के कोने-कोने में स्वास्थ्य सेवाओं और सुविधाओ का विस्तार किया जा रहा है। गांवों में नवीन स्वास्थ्य केंद्र खोले जा रहे हैं तथा पहले से स्थापित स्वास्थ्य केन्द्रों का उन्नयन कर स्वास्थ्य सेवाओं का विस्तार किया जा रहा है। गॉवों में स्थित स्वास्थ्य केन्द्रों में विभिन्न प्रकार की जांचे और दवाइयां निशुल्क उपलब्ध हैं। अब मरीजों को अनेक प्रकार की स्वास्थ्य जांचों तथा बीमारियों के इलाज के लिए सिविल या जिला अस्पताल जाने की जरूरत नहीं पड़ती। गांवों में ही उनका उपचार हो जाता है।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ चौधरी ने कहा कि टेलीमेडिसिन सुविधा के माध्यम से स्वास्थ्य केंद्रों को जिला चिकित्सालयों से जोड़ा गया है। स्वास्थ्य केन्द्र में बैठकर ही मरीज आवश्कतानुसार टेलीमेडिसिन के माध्यम से विशेषज्ञ चिकित्सकों से स्वास्थ्य परामर्श और उपचार ले रहे हैं। उन्होंने जिला अस्पताल में उपलब्ध कराई जा रही स्वास्थ्य सेवाओं और उपचार सुविधाओं का उल्लेख करते हुए कहा कि जिला अस्पताल में बड़े-बड़े निजी अस्पतालों से बेहतर सुविधाएं उपलब्ध हैं। जिला चिकित्सालय में डायलिसिस, 100 से अधिक प्रकार की पैथालॉजी जांचे, सिटी स्कैन सहित अनेक सुविधाएं मरीजों को मिल रही है। जिला अस्पताल में मरीजों को एमआरआई की सुविधा भी उपलब्ध हो, इसके लिए वह प्रयास कर रहे हैं। इसके अतिरिक्त यहां 16 करोड़ रू की लागत से क्रिटिकल यूनिट भी बनकर तैयार होगी और दवाईयों का भण्डार गृह भी बनाया जाएगा। उन्होंने बताया कि जिला अस्पताल का एसएनसीयू प्रदेश में पहले स्थान पर है।
स्वास्थ्य मंत्री डॉ चौधरी ने प्रदेश में स्वास्थ्य के क्षेत्र में किए जा रहे कार्यो का उल्लेख करते हुए कहा कि रायसेन सहित प्रदेश के प्रत्येक जिला अस्पताल को मॉडल अस्पताल बनाने के प्रयास हो रहे हैं, जिससे कि मरीजों को इलाज के लिए बाहर जाने की आवश्यकता ना हो। उन्होंने बताया कि प्रदेश में पहले 1400 एम्बुलेंस थीं, बाद में 600 एम्बुलेंस और खरीदी गई हैं। ताकि दुर्घटना होने पर मरीजों को जल्द से जल्द अस्पताल पहुंचाया जा सके। वर्तमान में प्रदेश में 2000 से अधिक एम्बुलेंस हैं। सम्पूर्ण प्रदेश में गॉवों, शहरों, जिला मुख्यालयों पर स्वास्थ्य के क्षेत्र में कायाकल्प हुआ है। कार्यक्रम में जिला पंचायत अध्यक्ष श्री यशवंत मीणा सहित अन्य जनप्रतिनिधियों ने भी संबोधित किया। इस अवसर पर अपर कलेक्टर श्री वृंदावन सिंह, सीएमएचओ डॉ दिनेश खत्री, सिविल सर्जन डॉ एके शर्मा सहित स्थानीय जनप्रतिनिधि, श्री जमना सेन, श्री बृजेश चतुर्वेदी भी उपस्थित रहे।






