बेटी का जन्म होने पर पति सास ने की पत्नी के साथ मारपीट पत्नी की हालत गंभीर पुलिस ने कराया अस्पताल में भर्ती। बनाया प्रकरण
नसीम खान संपादक
सांची,,,भले ही सरकार बेटियों के जन्म लेने पर बोझ न समझने वालों को जागरूक कर रही हो तथा बेटियों को लेकर सारी सुविधाएं उपलब्ध कराने में पीछे नहीं दिखाई दे रही बावजूद इसके आज भी बेटी के जन्म लेने पर जन्म देने वाली मां को मारपीट के दौरान पुलिस को अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा जो जीवन मृत्यु की लड़ाई लड रही है तथा बेटी पैदा होने पर उस मासूम छै दिन की बेटी को भी खामियाजा भुगतना पड़ रहा है । ऐसा ही मामला सांची थाने में आया जिसमें पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है।
जानकारी के अनुसार ढकना चपना क्रांति बाई पति नीरज अहिरवार 21 वर्ष ने थाने सांची में रिपोर्ट दर्ज कराई कि मेरी शादी एक वर्ष पूर्व ढकना निवासी नीरज से हुई थी मैं घरेलू काम करती हूं मुझे 6 दिन पूर्व अस्पताल में प्रसव के दौरान मैंने बेटी को जन्म दिया था तब 6 दिन बाद मेरी छुट्टी कराकर ढकना गांव ले आए तथा इसके बाद से ही बेटी को जन्म देने पर पति सास ने बवाल मचा दिया तथा मेरे साथ बेरहमी से पिटाई शुरू कर दी तथा सास ने भी गाली-गलौज शुरू कर दी मेरे पति नीरज ने भी बेटी पैदा होने पर लाठी डंडों से मारपीट की तब जिससे मेरी हालत गंभीर हो गई तब मैंने अपने मामा ससुर मर्दन एवं रमेश को जानकारी दी तब उन्होंने मेरी मां को फोन पर घटना की जानकारी दी तब मेरी मां एवं पिता ने थाने में पहुंच कर जानकारी दी ।तब थाना प्रभारी ने तत्काल मामले की गंभीरता को समझते हुए पुलिस वाहन भेजा पुलिस ने गंभीर हालत में क्रांति को लेकर आए तथा गंभीर हालत में सांची अस्पताल में भर्ती कराया गया । जहां उसका गंभीर अवस्था में उपचार चल रहा है ।
इस मामले में जब क्रांति से बात करने की कोशिश की गई तो उसकी स्थिति बात करने लायक नहीं था तब उसकी मां ओमवती एवं पिता धनसिंह ने बताया कि मेरी बेटी को ससुराल वाले क ई दिनों से परेशान कर रहे हैं तथा हमेशा यह कहते रहे हैं कि तू अपने घर से क्या लाई है इस मांग को लेकर मेरी बेटी के साथ यह घटना घटी है वहीं दूसरी ओर फरियादी की सास से जब इस मामले में बात की गई तो सास कमला बाई एवं क्रांति के पति नीरज ने बताया कि उसका मानसिक संतुलन ठीक नहीं है जिसकारण उसने जन्म लेने वाली मासूम बच्ची को भी पानी गिरते में बाहर फेंक दिया था । तब यह स्थिति विवादास्पद बनी । इस मामले में मामले को गंभीर मानते हुए पुलिस ने ससुराल पक्ष पर प्रकरण दर्ज कर विवेचना शुरू कर दी है पुलिस ने धारा 294-323-506-34 के तहत पंजीकृत कर लिया है तथा विवेचना की जा रही है ।
नवजात बेटी अनजान हैं इस विवाद से आखिर इसकी देखभाल कौन करे।
प्रसूता की सास कमला बाई नवजात बेटी को लेकर थाने पहुंची तब पुलिस ने उसे उसकी मां के पास भेज दिया परन्तु कुछ देर बाद ही पीड़िता की मां ओमवती नवजात बच्ची को लेकर थाने में उसकी दादी कमलाबाई को सौंप दी तब कमला बाई बेटी को लेने से इंकार कर रही थी परन्तु पुलिस की समझाइश के बाद ही रखने को तैयार हुई साथ ही उसने पुलिस को बताया कि यदि बच्ची को कुछ होता है तो इसकी जिम्मेदारी उसकी नहीं होगी जबकि नवजात को रखने के लिए ओमवती अपने पास रखने तैयार नहीं हुई इस दौरान उसने पुलिस को बताया कि वह अपनी बच्ची जो गंभीर हालत में है उसकी देखभाल में व्यस्त रहेगी तब नवजात की देखभाल करना संभव नहीं हो सकेगा तब पुलिस की समझाइश के बाद नवजात की दादी ने फिलहाल अपने पास नवजात को रख लिया है । बहरहाल जो भी हो आज भी सरकार कितना कुछ कर ले इसके बाद भी आज बेटी पैदा होने पर लोगों की मानसिकता में परिवर्तन नहीं हो सका है तथा बेटी होने पर ज़ुल्म जारी है तथा नवजात बेटी जो इस सब कुरीतियों से अंजान रहती है दो पाटों के बीच पिसने मजबूर हो रही है।
इस मामले में इनका कहना है।। इस मामले की जांच सहा उ,नि, राजेश बडगूजर एवं स उ,नि राजू यादव कर रहे हैं।
पीड़िता ने अपने ससुराल पक्ष पर आरोप लगाया है कि बेटी के जन्म लेने पर उसके साथ मारपीट की गई है तथा उसका उपचार चल रहा है हमनें ससुराल पक्ष के विरुद्ध प्रकरण धारा 294-323-506-34 के तहत पंजीकृत कर लिया है तथा मेडिकल रिपोर्ट आने के बाद धाराओं में बढ़ोतरी की जा सकती है । अमरसिंह निगम थाना प्रभारी सांची।






