फालोअपयूटोपिया रिसोर्ट मे हुई युवक की मौत पर परिवार ने जताई शंका ।

नसीमखान
सांंची,,, एक दिसंबर को नगर से तीन किमी दूर स्थित यूटोपिया रिसोर्ट मे एक युवक के ऊपर गद्दे जमा दिये गए थे जिससे उसकी मौत का मामला सामने आया था इस मामले को लेकर पुलिस ने प्रकरण दर्ज कर जांच शुरू कर दी थी ।युवक का परिजनों द्वारा अंतिम संस्कार कर दिया गया था गुरुवार की शाम परिवार रिसोर्ट मे घटना स्थल देखने पहुंचा तो होटल प्रबंधन ने परिवार को घटना स्थल दिखाने से इंकार कर दिया था तब नगर निगम पार्षद के हस्तक्षेप के बाद परिवार को घटना स्थल देखने की अनुमति मिल सकी ।परिवार ने कर्मचारियों के ठेकेदार एवं प्रबंधन पर युवक की मौत पर संदेह जताया है।
जानकारी के अनुसार एक दिसंबर को जब नगर में वार्षिकोत्सव का पर्व चल रहा था तब यूटोपिया रिसोर्ट जो नगर से तीन किमी दूर स्थित है मे गद्दो के नीचे दबने से एक युवक की मौत का मामला सामने आया था ।बताया जाता है कि इस रिसोर्ट मे काम करने के लिए युवकों को ठेकेदार के माध्यम से रखा गया था ।तथा क ई युवक इस रिसोर्ट मे काम करते हैं तथा रात में इसी रिसोर्ट मे सोते हैं तब एक युवक अन्य युवाओं के साथ काम से निपट कर रात में सौ गए थे तथा सुबह सभी उठकर प्रतिदिन की भांति अपने काम पर लग जाते थे परन्तु रात मे सोने के बाद एक युवक सोकर नहीं उठा था तथा सभी सोकर उठ गए एवं अपने अपने गद्दे उठाकर सोते युवक पर जमा दिये थे लगभग पचास से अधिक गद्दो के नीचे युवक दबा रहा ।जब सारा दिन काम कर लौटे उसके साथियों ने अपने बिस्तर बिछाने गद्दो को हटाया तो उसके नीचे युवक दबा पाया गया ।उसके साथियों ने काफी आवाज दी तथा उठाने का प्रयास किया परन्तु वह नहीं उठा तब इन मजदूरों ने रिसोर्ट प्रबंधन को जानकारी दी तब उन्होंने देखा एवं उपस्थित मृतक के साथियों से ही पुलिस को सूचना देने का कहकर चल दिये ।तब मृतक के साथी शिवांशु त्रिपाठी ने पुलिस को सूचना दी ।सूचना पाते ही मौके पर पहुंची पुलिस ने घटना स्थल का निरीक्षण किया तथा मृतक युवक की पहचान वीरेंद्र यादव पुत्र रोहित यादव के रूप में की जो नीलबड़ भोपाल का रहने वाला था पुलिस ने उसके साथियों के कथन भी दर्ज कर लिये थे तथा मृतक के परिजनों को सूचना दी गई एवं शव सांंची अस्पताल पहुंचाया जहां दूसरे दिन उसका पीएम कराकर शव परिजनों को सौंप दिया गया परिजन शव लेकर नीलबड़ रवाना हुए तथा उसका अंतिम संस्कार कर दिया गया ।अब पूरा परिवार उसका यहां आया तो मृतक के परिजनों को घटना स्थल देखने की रिसोर्ट प्रबंधन ने अनुमति नहीं दी जिससे परिवार एवं रिसोर्ट प्रबंधन में काफी बहस हुई तब परिजनों ने अपने नगर निगम वार्ड पार्षद को सूचना दी तब भोपाल से वार्ड पार्षद रिसोर्ट पहुंचे एवं उन्होंने रिसोर्ट प्रबंधन से घटना स्थल देखने की अनुमति दिलाई तब जाकर परिजनों ने उस घटना स्थल को देखा जहां उनके परिजनों घटना स्थल को देखकर सांंची थाने पहुंचे ।जहाँ पुलिस के समक्ष अपने कथन दर्ज कराये ।इस अवसर पर जब मृतक की मां सावित्री यादव नीलबड़ भोपाल ने बताया कि मेरे पति का निधन हो चुका है मेरा बडा बेटा किसी मामले में जेल में है मै मजदूरी करती हूं मेराछोटा के लिए काम तलाशते हुए यहां आ गया बेटा नवी कक्षा में पढता है उसकी उम्र 17 वर्ष 11 महीने थी एकविनोद त्रिपाठी नामक ठेकेदार जो नीलबड़ का ही है मेरे बच्चे के साथ अन्य को भी यहां लाया था तथा इन्हें यहां छोड़ कर चला गया तथा मेरे बच्चे के मरने की खबर भी मुझे नहीं दी गई हमें सांची पुलिस से सूचना पहुची थी ।आज हम जब होटल में पहुंचे तो होटल वालों ने हमें उस स्थान जहां उसकी मौत हुई थी नहीं देखने दी तब हमनें अपने पार्षद ननि को सूचना दी तब वो यहां आये एवं उन्होंने होटल वालों से बात कर हमें उस स्थान पर ले गए जहां उसकी मौत हुई थी ।मृतक की मां ने बताया कि मेरे बच्चे को जानबूझकर मारा गया है इसमे ठेकेदार एवं होटल वालो के शामिल होने का संदेह है उसने रोते हुए कहा कि अब मैं अपने परिवार का पालन कैसे करूंगी।इसी प्रकार मृतक के चाचा मोहन यादव नीलबड़ ने बताया कि यह जानबूझकर कर हत्या की गई है तथा होटल वालों की भी लापरवाही है दिन भर एक युवक काम पर नहीं पहुंचा किसी को पता नही चल सका ।समय रहते देखा जाता तो उसकी जान बच सकती थी ।वहीं मृतक की भाबी किरण यादव ने बताया कि मेरा पति जेल में है यही कमाने वाला था इसको भी मार दिया गया अब हमारे परिवार का पालन कैसे होगा उसके साथ घटना की गई है इसकी पूरी जांच की जानी चाहिए ।बहरहाल रिसोर्ट मे हुई मौत पर कहीँ न कहीं सवाल खड़े हो रहे है कि उसपर गद्दे डाले गए तब क्या वह दिखाई नहीं दिया तथा वह काम पर नहीं पहुंचा उसको तलाश क्यों नहीं हुई ऐसे अनेक सवाल है जिसका तलाशना होगा ।इस मामले में थाना प्रभारी नितिन अहिरवार ने बताया कि इस मामले की जांच हम अपने निर्देशन में कर रहे हैं घटना पर हम हर ऐंगल से जांच कर रहे हैं इस मामले में जांच उपरांत जो भी पाया जाता है उसके अनुरूप कार्य वाही की जायेगी।

  • editornaseem

    Related Posts

    सांदीपनि शासकीय विद्यालय में शुल्क व्यवस्था पर उठे सवाल, अभिभावकों ने जताई चिंता

    नसीमखान सांची माध्यमिक स्तर तक शिक्षा निःशुल्क, उच्च कक्षाओं में विभिन्न मदों के शुल्क से बढ़ी चर्चा; विद्यालय प्रबंधन ने दी सफाईसांची,,,नगर के सांदीपनि शासकीय विद्यालय में कक्षा 9 से…

    अचानक बदले मौसम ने दी राहत, झमाझम बौछारों से गर्मी का असर हुआ कम।लंबे इंतजार के बाद मौसम ने ली करवट, किसानों के साथ आमजन के चेहरों पर लौटी राहत

    नसीमखान सांची, रायसेनसांची,,,नगर सहित आसपास के क्षेत्र में लंबे समय से पड़ रही भीषण गर्मी और उमस से जनजीवन प्रभावित हो रहा था। तेज धूप और बढ़ते तापमान के कारण…

    Leave a Reply

    Your email address will not be published. Required fields are marked *

    You Missed

    सांदीपनि शासकीय विद्यालय में शुल्क व्यवस्था पर उठे सवाल, अभिभावकों ने जताई चिंता

    सांदीपनि शासकीय विद्यालय में शुल्क व्यवस्था पर उठे सवाल, अभिभावकों ने जताई चिंता

    अचानक बदले मौसम ने दी राहत, झमाझम बौछारों से गर्मी का असर हुआ कम।लंबे इंतजार के बाद मौसम ने ली करवट, किसानों के साथ आमजन के चेहरों पर लौटी राहत

    अचानक बदले मौसम ने दी राहत, झमाझम बौछारों से गर्मी का असर हुआ कम।लंबे इंतजार के बाद मौसम ने ली करवट, किसानों के साथ आमजन के चेहरों पर लौटी राहत

    खाद की किल्लत से जूझ रहे किसान, डिजिटल व्यवस्था बनी नई परेशानी।सर्वर और नेटवर्क की समस्या के कारण समय पर खाद नहीं मिलने से किसानों की बढ़ी चिंता, आगामी फसल तैयारी प्रभावित होने की आशंका

    खाद की किल्लत से जूझ रहे किसान, डिजिटल व्यवस्था बनी नई परेशानी।सर्वर और नेटवर्क की समस्या के कारण समय पर खाद नहीं मिलने से किसानों की बढ़ी चिंता, आगामी फसल तैयारी प्रभावित होने की आशंका

    बेधड़क दौड़ते वाहन, अव्यवस्थित यातायात और बढ़ती चिंता—सांची में व्यवस्था पर उठने लगे सवाल

    बेधड़क दौड़ते वाहन, अव्यवस्थित यातायात और बढ़ती चिंता—सांची में व्यवस्था पर उठने लगे सवाल

    सांची के बेसहारों को मिला सहारा, ‘अपना घर आश्रम’ ने बढ़ाया मानवीय सहयोग का हाथ

    सांची के बेसहारों को मिला सहारा, ‘अपना घर आश्रम’ ने बढ़ाया मानवीय सहयोग का हाथ

    पांव से मोहताज, फिर भी योग के प्रति उत्साह कम नहीं — पूर्व पार्षद ने घर पर किया योगाभ्यास।घुटनों की बीमारी के बावजूद अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर दिया स्वास्थ्य जागरूकता का संदेश

    पांव से मोहताज, फिर भी योग के प्रति उत्साह कम नहीं — पूर्व पार्षद ने घर पर किया योगाभ्यास।घुटनों की बीमारी के बावजूद अंतरराष्ट्रीय योग दिवस पर दिया स्वास्थ्य जागरूकता का संदेश