नसीम खान
· एसीएस श्री शिवशेखर शुक्ला से किया पदभार ग्रहण
· शिक्षकों-कर्मचारियों से साझा किये लक्ष्य
· साँची विवि को अन्तर्राष्ट्रीय रूप में बढ़ाएंगे आगे
साँची बौद्ध-भारतीय ज्ञान अध्ययन विश्वविद्यालय के नवनियुक्त कुलगुरु प्रो. बिमलेंद्र कुमार ने अपना पदभार ग्रहण किया। कुलगुरु का जिम्मा संभाल रहे अतिरिक्त मुख्य सचिव श्री शिवशेखर शुक्ला ने उन्हें कार्यदायित्व सौंपा। श्री शुक्ला ने नवागत कुलगुरु को हरसंभव सहयोग का आश्वासन दिया।
साँची में विश्वविद्यालय परिसर पहुंचकर कुलगुरु ने बोधि वृक्ष के दर्शन किये। बोधि वृक्ष प्रांगण में ही सभी शिक्षकों, कर्मचारियों और छात्रों ने उनका औपचारिक स्वागत किया।
प्रो. बिमलेंद्र कुमार ने कहा कि उनका उद्देश्य साँची विश्वविद्यालय को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर इतना ऊंचा उठाना है कि वो लोगों को स्पष्ट नज़र आने लगे तथा एक जीवंत विश्वविद्यालय बन सके। उन्होंने कहा कि शिक्षण, शोध और अकादमिक स्तर पर इस उद्देश्य को पूरा करने के लिए सभी को साथ मिलकर चलना होगा। प्रो. कुमार ने कहा कि इस क्षेत्र में शिक्षा का पर्याय साँची विश्वविद्यालय दरअसल सम्राट अशोक के पुत्र महिंद्रा एवं पुत्री संघमित्रा की विरासत है क्योंकि ये दोनों ही लगभग 2250 साल पहले ज्ञान एवं शिक्षा को लेकर श्रीलंका गए थे।
प्रो कुमार ने कहा कि यह विश्व का एकमात्र विश्वविद्यालय है जहां पर बौद्ध और भारतीय दर्शन की एक साथ स्तरीय शिक्षा प्रदान की जाती है। उन्होंने कहा कि वे प्रयास करेंगे कि म्यांमार, लाओस, कंबोडिया, विएतनाम और अन्य दक्षिण-पूर्वी देशों के छात्र अध्ययन और शोध के लिए साँची विश्वविद्यालय को पहली पसंद बनाएं। इन छात्रों की वजह से विश्वविद्यालय में आध्यात्मिक ऊर्जा उत्पन्न होगी और इसके लिए वो दिन-रात काम करने को तैयार हैं।
प्रो. कुमार ने कहा कि वो विदेशी एवं भारतीय छात्रों के लिए सारी सुविधाएं विश्वविद्यालय में ही उपलब्ध कराएंगे और विश्वस्तरीय शिक्षा के लिए वो विज़िटिंग प्रोफेसर्स को आमंत्रित करेंगे।
कुलगुरु प्रो. बिमलेंद्र कुमार ने कुलसचिव प्रो. राम निवास गुप्ता, उपकुलसचिव श्री विवेक पाण्डेय एवं अन्य पदाधिकारियों के साथ विभिन्न विषयों पर चर्चा की।





