नसीमखान
सांची। नगर के सुप्रसिद्ध मिलनसार, मृदुभाषी एवं हर समय समाजसेवा में तत्पर रहने वाले दिनेश तिवारी तथा नप पार्षद विवेक तिवारी के पिता श्री मोहन प्रसाद तिवारी का मंगलवार शाम विदिशा से लौटते समय रंगई मंदिर के समीप सड़क दुर्घटना में दुखद निधन हो गया। इस समाचार के फैलते ही नगर सहित ग्रामीण अंचल में शोक की लहर दौड़ गई। श्री तिवारी अपने पीछे भरा पूरा परिवार छोड़ गए हैं।
बुधवार को विदिशा अस्पताल में पोस्टमार्टम उपरांत उनका पार्थिव शरीर परिजनों को सौंपा गया। सुबह से ही बड़ी संख्या में लोग उनके निवास स्थान पर पहुंचकर श्रद्धांजलि अर्पित करते रहे। जब उनका शव सांची लाया गया तो अंतिम दर्शन के लिए भारी भीड़ उमड़ पड़ी। नगर के व्यापारियों ने भी शोक स्वरूप अपनी दुकानें बंद रखकर उन्हें श्रद्धांजलि अर्पित की।
श्री तिवारी की अंतिम यात्रा में जनसैलाब उमड़ पड़ा। वार्ड क्रमांक 1 स्थित श्मशान घाट पर उनका अंतिम संस्कार किया गया, जहां उनके बड़े पुत्र दिनेश तिवारी ने मुखाग्नि दी। श्मशान घाट पर आयोजित शोकसभा में बड़ी संख्या में गणमान्य नागरिकों एवं जनप्रतिनिधियों ने उपस्थित होकर दिवंगत आत्मा को श्रद्धांजलि अर्पित की तथा शोकाकुल परिवार को ढांढस बंधाया।






