नसीमखान
सांची,,स्कूल शिक्षा विभाग से चयनित रायसेन एवं विदिशा जिले के मेधावी विद्यार्थियों का दल 18 सितंबर को राजधानी एक्सप्रेस से बेंगलुरु रवाना हुआ। दल 19 सितंबर को बेंगलुरु पहुंचा, जहां विद्यार्थियों का ऐतिहासिक एवं शैक्षणिक भ्रमण शुरू हुआ।
भ्रमण के प्रथम दिवस विद्यार्थियों ने फ्रीडम पार्क और विश्वेश्वरैया विज्ञान संग्रहालय का अवलोकन किया। फ्रीडम पार्क 1860 के दशक का वह ऐतिहासिक स्थल है, जहाँ स्वतंत्रता सेनानियों को कैद कर यातनाएँ दी जाती थीं। विद्यार्थियों ने यहाँ कैदियों की बैरक, वॉच टावर और यातना स्थलों को देखा। वर्तमान में कर्नाटक सरकार ने इसे फ्रीडम पार्क के रूप में विकसित किया है।
इसके बाद विद्यार्थियों ने विश्वेश्वरैया विज्ञान संग्रहालय में वैज्ञानिक मॉडल्स का अवलोकन किया। यहाँ उन्होंने इंजन के विकास क्रम, चंद्रयान, इंटरनेट की विभिन्न पीढ़ियाँ और अन्य वैज्ञानिक सिद्धांतों पर आधारित जीवंत मॉडल देखे।
इस दल में रायसेन और विदिशा के 18-18 विद्यार्थी शामिल हैं। प्रबंधन हेतु साँची सान्दीपनि विद्यालय के प्राचार्य अनिल दीक्षित, विदिशा सान्दीपनि विद्यालय के प्राचार्य बलराम चौधरी, मंडीदीप की शिक्षिका प्रमिला एवं विदिशा की शिक्षिका आभा माहेश्वरी साथ हैं। पूरे भ्रमण दल के नोडल अधिकारी ए.डी.पी.सी. विदिशा श्री हेमंत लिटोरिया हैं। यह भ्रमण 18 से 22 सितंबर तक चलेगा।
प्राचार्य अनिल दीक्षित ने बताया कि “इस प्रकार का शैक्षणिक भ्रमण विद्यार्थियों को ऐतिहासिक स्थलों और विज्ञान की नई उपलब्धियों से रूबरू कराता है। यह अनुभव उनके ज्ञानवर्धन के साथ-साथ व्यक्तित्व विकास में भी सहायक होगा।”






