नसीमखान सांची, रायसेन
रायसेन,
रायसेन जिले के बेगमगंज विकासखण्ड के ग्राम भुरेरू के किसान श्री ओमप्रकाश कुशवाह ने पारम्परिक खेती से हटकर उद्यानिकी फसल को अपनाया और कम समय में अधिक मुनाफा कमाकर क्षेत्र के किसानों के लिए प्रेरणा स्त्रोत बने हैं। प्रगतिशील किसान श्री ओमप्रकाश कुशवाह ने उद्यानिकी विभाग की योजना का लाभ लेकर डेढ़ एकड़ जमीन में टमाटर की खेती की! जिसमें उन्नत किस्म के बीज, मलिं्चग और ड्रिप सिंचाई तकनीक का उपयोग किया। टमाटर की खेती से ओमप्रकाश कुशवाह को लगभग चार से पांच लाख रू का लाभ हुआ।
किसान श्री ओमप्रकाश कुशवाह ने बताया कि पहले वह गेहूॅ, सोयाबीन जैसी पारम्परिक फसलों की खेती करते थे, जिसमें दस से पन्द्रह क्विटंल प्रति एकड़ का ही उत्पादन होता था और बहुत लाभ भी बहुत होता था। वह खेती में कुछ अलग करना चाहते थे, जिसमें कम लागत में अधिक मुनाफा हो। उन्होंने उद्यानिकी विभाग के उद्यान विस्तार अधिकारी श्री अमाशंकर कुशवाह से सम्पर्क किया और विभाग की योजनाओं तथा उद्यानिकी फसलों की जानकारी ली। इसके बाद उन्होंने टमाटर की खेती करने का निर्णय लिया तथा डेढ़ एकड़ जमीन पर टमाटर की फसल उन्नत तकनीक मलिं्चग और ड्रिप द्वारा लगाई।
ओमप्रकाश ने बताया कि उन्होंने टमाटर की खेती में उन्नत बीज और तकनीक का उपयोग किया तथा अच्छी तरह से देखभाल की। जिसके कारण उनकी फसल बहुत अच्छी हुई और उन्हें लगभग 350 क्विंटल टमाटर का उत्पादन मिला। जिसे मंडी में बेचने से उन्हें लगभग 06 लाख रू की आय हुई। इसमें लागत के लगभग डेढ़ लाख रू निकालने के बाद साढ़े चार लाख रू का लाभ हुआ। वह परिवार के साथ काफी समय से खेती कर रहे हैं लेकिन इतना लाभ कभी नहीं हुआ। इसके लिए वह प्रदेश सरकार के मुखिया डॉ मोहन यादव तथा उद्यानिकी विभाग को धन्यवाद देते हुए कहते हैं, सरकार द्वारा किसानों के हित में, उनकी आय बढ़ाने के लिए अनेक योजनाएं चलाई जा रही हैं। जिनका लाभ लेकर किसान अपनी आय बढ़ा सकते हैं। उन्होंने बताया कि अब वह टमाटर के साथ अन्य सब्जियों की खेती भी कर रहे हैं। ओमप्रकाश ने किसानों के सामने उदाहरण प्रस्तुत किया है कि खेती में मेहनत और उन्नत तकनीक का सही उपयोग करके अच्छी आय प्राप्त की जा सकती है।





