नसीम खान संपादक रायसेन
कलेक्ट्रेट सभाकक्ष में आयोजित जल जीवन मिशन की समीक्षा बैठक में कलेक्टर श्री अरविंद दुबे द्वारा जिले में जल जीवन मिशन के तहत किए जा रहे कार्यो की विस्तार से समीक्षा की गई। उन्होंने कहा कि जल जीवन मिशन का उद्देश्य प्रत्येक गांव के हर घर में नल से जल उपलब्ध कराना है। इस उद्देश्य को पूरा करने के लिए जरूरी है कि जल जीवन मिशन योजना के तहत किए जा रहे कार्यो में गुणवत्ता का विशेष ध्यान रखा जाए तथा कार्य समय सीमा में पूर्ण हों। जिससे कि ग्रामीणों को जल्द से जल्द लाभ मिल सके।
कलेक्टर श्री दुबे ने समीक्षा के दौरान कहा कि प्रगतिरत नल जल योजनाओं की नियमित मॉनीटरिंग की जाए। जिन क्षेत्रों में कार्य संचालित हैं, वहां के स्थानीय जनप्रतिनिधियों से समन्वय स्थापित करें तथा उन्हें किए जा रहे कार्यो तथा प्रगति से अवगत कराएं। जिन ग्रामों में जल स्त्रोत नहीं हैं वहां वैकल्पिक व्यवस्था की जाए। उन्होंने अधिकारियों को निर्देश दिए कि ग्रामीण क्षेत्रों में पेयजल की आपूर्ति सुनिश्चित की जाए। कलेक्टर श्री दुबे ने कार्य में लापरवाही बरतने वाले ठेकेदारों के विरूद्ध कार्रवाई करने के भी निर्देश दिए।
बैठक में पीएचई विभाग की कार्यपालन यंत्री सुश्री श्वेता औचट ने जानकारी दी कि जल जीवन मिशन के तहत जिले के समस्त 1409 ग्रामों के ग्रामीण परिवारों को वर्ष 2021 तक क्रियाशील घरेलू नल कनेक्शन से आच्छादित किए जाने का लक्ष्य निर्धारित है। अभी तक जिले में 32191.48 लाख रू लागत की 757 नलजल प्रदाय योजनाएं स्वीकृत हैं। जिनमें 127483 क्रियाशील घरेलू नल कनेक्शन प्रावधानित है। सिविल संकाय द्वारा जल जीवन मिशन अंतर्गत 679 स्वीकृत नलजल योजनाओं में 125 पूर्ण हो गई हैं तथा 330 प्रगतिरत हैं। इसी प्रकार 107 योजनाओं में निविदा कार्यवाही प्रक्रियाधीन है। मेकेनिकल संकाय द्वारा जल जीवन मिशन के तहत 78 स्वीकृत नलजल योजनाओं में 52 पूर्ण हो गई हैं तथा शेष में कार्यवाही की जा रही है।
मिशन के तहत शालाओं तथा आंगनवाड़ियों में भी प्रदाय किया जा रहा है पेयजल
बैठक में जानकारी दी गई कि जल जीवन मिशन के तहत जिले के 1982 शाला परिसरों में से 1570 में पेयजल प्रदाय किया जा रहा है तथा शेष शालाओं में कार्य प्रगतिरत है। इसी प्रकार जिले में 700 आंगनवाड़ियों में से 585 आंगनवाड़ियों में जल जीवन मिशन के तहत पेयजल प्रदाय किया जा रहा है तथा शेष आंगनवाड़ियों में कार्य प्रगतिरत है। बैठक में संबंधित विभागों के अधिकारी तथा पीएचई विभाग के विकासखण्ड स्तरीय अधिकारी उपस्थित थे।








