जिला जांजगीर चांपा छत्तीसगढ़
संवाददाता गिरिजाशंकर देवांगन
के एस के पावर प्लांट द्वारा बसंतपुर में विगत 13 वर्षो से किसानों का 30 एकड़ जमीन अधिग्रहण कर डेम निर्माण कर वर्धा पावर प्लांट को पानी सप्लाई किया जा रहा है। मगर किसानों को आज तक उनकी जमीन का उचित मुआवजा नहीं मिल पाया है। और स्कूल,नल,नाली, एवं नदी में आने जाने के लिए रोड बनाने की जो बात कही गई थी वो आज तक 13 वर्ष गुजर जाने के बाद
भी के एस के पावर प्लांट के प्रबंधक द्वारा कोई ठोस निर्णय नहीं लिया गया।
बसंतपुर के ग्रामीणो द्वारा अपनी 25 सुत्रीय मांगों के लिए 31.12.2024 से 01.01.2025 तक गेट के सामने पानी सप्लाई बंद कर धरने पर बैठे।
धरने का उग्र रूप को देखते हुए बिर्रा टी आई, तहसीलदार, पटवारी, के एस के पावर प्लांट के प्रबंधक एवं ग्रामीणो के बीच 25 सुत्रीय मांगों को लेकर लिखित में समझौता हुआ। के एस के पावर प्लांट के प्रबंधक द्वारा लिखित में दिया गया कि 25 सुत्रीय मांगों को आठ दिनों में समाधान किया जाएगा। और अगर आठ दिनों में समाधान नहीं होने की स्थिति में आगामी कार्य दिवस से ग्रामीणो द्वारा पुनः धरना प्रदर्शन करने हेतु स्वतंत्र रहेंगे। एवं हड़ताल के दौरान संपूर्ण जिम्मेदारी के एस के प्रबंधक की होगी।
लिखित में देने के बाद भी आठ दिवस बीत जाने के बाद भी के एस के पावर प्लांट प्रबंधक के कान में जूं तक नही रेंगा। और ग्रामीणो के 25 सुत्रीय मांगों का कोई समाधान शुरू नहीं किया गया। जिससे ग्रामीण नाराज होकर फिर से दिनांक 09.01.2025 से पुनः गेट के सामने पानी सप्लाई बंद कर अनिश्चितकालीन धरने पर बैठने का निर्णय लिया है।






