नसीमखान
रायसेन
राष्ट्रीय विधिक सेवा प्राधिकरण, नई दिल्ली एवं म.प्र. राज्य विधिक सेवा प्राधिकरण, जबलपुर के निर्देशानुसार माननीय श्री अनिल कुमार सोहाने प्रधान जिला न्यायाधीश महोदय/अध्यक्ष, जिला विधिक सेवा प्राधिकरण, रायसेन के मार्गदर्शन में जिला मुख्यालय, रायसेन एवं समस्त तहसील न्यायालयों में वर्ष 2025 की द्वितीय नेशनल लोक अदालत का आयोजन दिनांक 10.05.2025 को सफलतापूर्वक किया गया।
जिला मुख्यालय में नेशनल लोक अदालत का शुभारंभ माननीय प्रधान जिला न्यायाधीश एवं अध्यक्ष महोदय द्वारा मां सरस्वती की प्रतिमा पर माल्यार्पण एवं दीप प्रज्वलित कर किया गया। उक्त कार्यक्रम में प्रधान जिला न्यायाधीश श्री अनिल कुमार सोहाने सहित विषेष न्यायाधीष श्री अरविन्द रघुवंषी, प्रधान न्यायाधीष कुटुम्ब न्यायालय श्री अरविन्द जैन, तृतीय जिला न्यायाधीष श्री कमलेष कुमार इटावदिया, प्रथम जिला न्यायाधीष श्री सचिन जैन, चतुर्थ जिला न्यायाधीष श्री सुनील कुमार शौक, द्वितीय जिला न्यायाधीष श्री महेष कुमार माली, मुख्य न्यायिक मजिस्ट्रेट श्री अजय कमार यदु, सचिव जिला विधिक सेवा प्राधिकरण रायसेन श्रीमती हर्षिनी यादव, न्यायिक मजिस्ट्रेट श्रीमती सौम्या साहू अस्थाना, श्री संचित अस्थाना, श्री अनीस उद्दीन अब्बासी जिला विधिक सहायता अधिकारी, विद्युत विभाग, नगर पालिका, बीएसएनएल व बैंकों के अधिकारीगण, अधिवक्ता व पक्षकारगण सम्मिलित हुए। जिले में राजीनामा योग्य प्रकरणों का निराकरण किये जाने हेतु न्यायाधीशों की कुल 28 खंडपीठों का गठन किया गया।
उक्त लोक अदालत का सफलतापूर्वक आयोजन हुआ जिसमें 558 न्यायालयों के लंबित प्रकरण व 2033 प्री-लिटिगेशन प्रकरण निराकृत हुए, जिनकी कुल समझौता राशि 61712204 रही और 3871 व्यक्ति लाभान्वित हुए।
लोक अदालत में पक्षकारों में खुशी की लहर देखी गई और लोग राजी खुशी से अपने विवाद भुलाकर अपने-अपने घर की ओर रवाना हुए।जिला विधिक सेवा प्राधिकरण एवं विचारण न्यायालय के अथक प्रयासों से परिवार के मध्य स्थापित हुए पूर्व की भांति सौहाद पूर्ण संबंध
01- जिला न्यायालय रायसेन में श्रीमती सौम्या साहू अस्थाना न्यायिक दण्डाधिकार प्रथम श्रेणी रायसेन में विचारणीय प्रकरण एमजेसीआर 136/2025 (ज्योति मालवीय विरूद्ध आकाष व अन्य) में आवेदिका द्वारा परिवार में घरेलु हिंसा से पीड़ित होने के कारण पति, सास, नंद के विरूद्ध घरेलु हिंसा का प्रकरण पंजीबद्ध करवाया गया था जिसमें न्यायाधीषगण द्वारा परिवार के सभी सदस्यों के मध्य उक्त विवाद का सौहार्द पूर्ण ढंग से अंत करवाते हुए प्रकरण लोक अदालत के माध्यम से राजीनामें के आधार पर समाप्त हुआ।
02 जिला न्यायालय रायसेन के एक अन्य प्रकरण में श्रीमती सौम्या साहू अस्थाना न्यायिक दण्डाधिकार प्रथम श्रेणी रायसेन में विचारणीय प्रकरण एमजेसीआर 207/2025 (पुष्पा वैरागी व अन्य विरूद्ध जवाहर सिंह व अन्य) में आवेदिका एवं उसके दो अव्यस्क पुत्रों परिवार में घरेलु हिंसा से पीडित होने के कारण पिता, दादा के विरूद्ध घरेलु हिंसा का प्रकरण पंजीबद्ध करवाया गया था जिसमें न्यायाधीषगण द्वारा परिवार के सभी सदस्यों के मध्य उक्त विवाद का सौहार्द पूर्ण ढंग से अंत करवाते हुए प्रकरण लोक अदालत के माध्यम से राजीनामें के आधार पर समाप्त हुआ। दोनों ही प्रकरणों में परिवार के सदसें के चेहरों पर खुषी स्पष्ट रूप से देखी गयी।






