नसीमखान सांची
पुरातत्व विभाग की अनदेखी के बीच नागौरी पहाड़ी पर ग्रामीण पीढ़ियों से कर रहे हैं भगवान विष्णु की प्रतिमा की सुरक्षा और पूजा।
सांची, नगर से लगभग एक किलोमीटर दूर स्थित ऐतिहासिक नागौरी पहाड़ी पर आज भी भगवान विष्णु की प्राचीन प्रतिमा ग्रामीणों की आस्था और जिम्मेदारी के सहारे सुरक्षित है।
जहां एक ओर इस क्षेत्र के पुरातात्विक अवशेषों की देखरेख का दायित्व पुरातत्व विभाग पर है, वहीं विभाग की उदासीनता के कारण यह अमूल्य धरोहर वर्षों से भगवान भरोसे है।
जानकारी के अनुसार, नागौरी पहाड़ी अपने भीतर अनेक ऐसे पुराअवशेष समेटे हुए है जो इस क्षेत्र के ऐतिहासिक गौरव के प्रमाण हैं। इसी पहाड़ी पर भगवान विष्णु की एक प्रतिमा वर्षों से जर्जर अवस्था में थी। ग्रामीणों ने अपने स्तर पर प्रतिमा के टूटे हुए अंगों को जोड़कर पुनः उसका स्वरूप तैयार किया और प्रतिमा को खड़ा किया।
तब से लेकर आज तक गांव के लोग अपनी पीढ़ियों से इस प्रतिमा को अपनी विरासत मानते हुए उसकी सुरक्षा और पूजा-अर्चना करते आ रहे हैं। न केवल सुरक्षा, बल्कि तीज-त्योहार पर साफ-सफाई और धार्मिक आयोजन भी ग्रामीण ही करते हैं। उनके लिए यह प्रतिमा केवल आस्था नहीं, बल्कि पूर्वजों से मिली ऐतिहासिक धरोहर का प्रतीक है।
ग्रामीणों का कहना है कि उन्होंने वर्षों पहले इस धरोहर को बचाने का बीड़ा उठाया था, लेकिन आज तक पुरातत्व विभाग ने इस स्थल की सुध नहीं ली। बावजूद इसके, गांव के लोग अपने पूर्वजों की परंपरा और जिम्मेदारी को आज भी जीवंत रखे हुए हैं।
जब विभाग मौन रहते हैं, तब भी जनता की श्रद्धा इतिहास की रक्षा करती है।






