,जांजगीर चांपा छत्तीसगढ़
दिलेसर चौहान ,संवाददाता
, प्रधानमंत्री आवास को लेकर भारतीय जनता पार्टी 15 तारीख को विधानसभा घेराव करने जा रही हैं
प्रदेश अध्यक्ष अरुण साव ने बताया कि छत्तीसगढ़ की भूपेश सरकार जनविरोधी है ,
जिसने गरीबों को उनका अधिकार उनका आवास नहीं दिया ।
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी जी ने 2014 में अस्तित्व में आते ही 2015 में जन कल्याणकारी योजना प्रधानमंत्री आवास शुरू की । जब भाजपा की सरकार छत्तीसगढ़ में थी तो, गरीबों को
हमने 2018 में गरीबों को केवल 3 सालों में 7लाख मकान बना कर दिए।
मगर भूपेश सरकार, जिसने गरीबों को एक भी मकान नहीं दिया ।
इस संबंध में केंद्रीय कृषि मंत्री और कई मंत्रियों ने राज्य सरकार भूपेश बघेल को कई बार चिट्ठी लिखी ,
,मगर भूपेश बघेल राज्य अंश देने को तैयार नहीं।
उनका कहना है प्रधानमंत्री आवास, यानी पीएम आवास ,इनका पूरा पैसा प्रधानमंत्री को ही देना चाहिए।
ब्लॉक ,मंडल, जिला, में धरना प्रदर्शन कर विरोध जताते रहे हैं ।
अब विधानसभा को 1लाख हितग्राहियों के साथ विधानसभा घेराव करने जा रही है।
जिसमें हमने प्रधानमंत्री आवास योजना से वंचित 7लाख लोगों से साइन करवा रखे है। और एक लाख वंचित हितग्राहियों के साथ 15 तारीख को विधानसभा को घेराव कर , भूपेश बघेल से जवाब मांगेंगे ।
सूत्रों के अनुसार स्टेट गवर्नमेंट और सेंट्रल गवर्नमेंट के बीच जो प्रतिशत है अंशदान का उससे अब राज्य सरकार सहमत नहीं हैं ।तो केंद्र और राज्य सरकार के बीच जो मनमुटाव है, उसमें जनता पीस रही है।
जनता के छत दार आशियाने ,चक्की के दो पाट में घुन,की तरह गरीब पीस रहे हैं । भारतीय जनता पार्टी के लिए यह मुद्दा अहम और मुख्य मुद्दा है, जिससे वह चुनाव में फायदा उठाने की कोशिश में है।
मोर आवास मोर अधिकार के तहत लोगों से सहानुभूति अगर मिलती है ,तो यह मुद्दा भाजपा के लिए बहुत ही कारगर साबित होने जा रही है।








