वसीम कुरैशी रिपोर्टर
रायसेन।।जिले की बरेली उदयपुरा के कांग्रेस विधायक देवेंद्र पटेल गडर वास और कांग्रेस व पूर्व सिलवानी विधायक देवेंद्र पटेल और युवा कांग्रेस जिलाध्यक्ष विकास शर्मा हर्ष वर्धन सिंह सोलंकी ने मणिपुर राज्य में फैली अशांति पर चिंता जाहिर करते हुए कहा कि भाजपा की नफरत की राजनीति के परिणाम स्वरूप आज लोकतंत्र भीड़ तंत्र में बदलता जा रहा है। मणिपुर राज्य में आदिवासी समुदाय की तीन महिलाओं को भीड़ में शामिल उच्च समाज के लोगों द्वारा सरे आम नग्नावस्था में घुमाकर उनके गुप्तांगों से खिलवाड़ की घटना मानवता और महिलाओं के साथ शर्मशार वाली घटना हुई है।ऐसी गूंगी बहरी मणिपुर की भाजपा सरकार को सत्ता में बने रहने का कोई अधिकारी नहीं है।मणिपुर में
अशांति और हिंसा फैल रही है।ऊपर से मणिपुर के मुख्यमंत्री ने इस बड़ी घटना के बाद यह गैर जिम्मेदाराना बयान मीडिया को दिया कि ऐसी घटनाएं तो मणिपुर में होती रहती हैं पहले भी यह सबकुछ हो चुका है।लेकिन यहां कि मणिपुर की भाजपा राज्य सरकार स्थिति को काबू करने में अक्षम साबित हुई है। देश के प्रधानमंत्री नरेन्द्र मोदी और भाजपा के शीर्ष नेता इस विकराल समस्या को नजर अंदाज कर चुनाव प्रचार में व्यस्त हैं।
करीब करीब दो महीने से मणिपुर अशांत है और जिस प्रकार से यहां महिलाओं के साथ क्रूरता की सारी हदें पार करने वाली घटना सामने आई है। उसने पूरे भारत देश को शर्मसार किया है, मन को विचलित किया है। इस अमानवीय घटना से पूरे देश में आक्रोश है गुस्सा है। हिंसा को रोकने में केन्द्र सरकार ने कोई ठोस कदम नहीं उठाया। इस घटना की जितनी भी निंदा की जाए कम है। यहां की भाजपा की सरकार लोगों की सुरक्षा करने में नाकाम रही है।यहां हो रहे दंगों में कई जान जा चुकी हैं। दो महीने से यहां पर अशांति फैली है। केन्द्र सरकार ने समय रहते कोई निर्णय नहीं लिया, जिसका नतीजा है कि यहां के हालात और भी बिगड़ते जा रहे हैं। भाजपा नफरत और बांटने की राजनीति करती है। संवैधानिक मूल्यों के साथ खिलवाड़ कर भाजपा ने भारतीय संविधान की बुनियाद को चोट पहुंचाई है। मणिपुर सुलग रहा है और क्या कारण है कि अभी तक वहां के सीएम को नहीं हटाया गया है। मैं राष्ट्रपति से मांग करता हूं कि मणिपुर की भाजपा सरकार को तत्काल बर्खास्त कर राष्ट्रपति शासन लगाया जाना चाहिए।
नसीम खान संपादक






