नसीमखान
सांची,,, प्रदेश सरकार किसानों के हित में लगातार नई योजनाएं संचालित कर रही है तथा बीज, कृषि यंत्र और अन्य सुविधाएं अनुदान के माध्यम से उपलब्ध करा रही है। इन योजनाओं का लाभ किसानों तक समय पर पहुंचे, इसके लिए ब्लॉक स्तर पर कृषि विभाग के कार्यालय संचालित किए गए हैं। लेकिन विभागीय लापरवाही के कारण इन योजनाओं का लाभ लेने पहुंचे किसानों को परेशानियों का सामना करना पड़ रहा है।
शुक्रवार को ऐसा ही मामला सांची कृषि विभाग कार्यालय में देखने को मिला। दूर-दराज के ग्रामीण क्षेत्रों से किसान कृषि यंत्र, पंप, जिंक सहित अन्य कृषि संबंधी कार्यों के लिए कार्यालय पहुंचे, लेकिन कार्यालय समय शुरू होने के काफी देर बाद तक मुख्य द्वार पर ताला लटका रहा। सुबह 10 बजे कार्यालय खुलना था, लेकिन लगभग 11 बजे तक न तो कोई अधिकारी पहुंचा और न ही कोई कर्मचारी, जिससे किसानों को लंबे समय तक इंतजार करना पड़ा।
किसानों का कहना है कि वे गांवों से समय और पैसा खर्च कर कार्यालय पहुंचे थे, लेकिन कार्यालय बंद मिलने से उन्हें निराश होकर लौटना पड़ा। उन्होंने बताया कि हर बार इस तरह की स्थिति बनने से उनका पूरा दिन खराब हो जाता है और आने-जाने का खर्च भी व्यर्थ चला जाता है। किसानों ने विभागीय अधिकारियों की कार्यप्रणाली पर नाराजगी जताते हुए नियमित रूप से कार्यालय खोलने और कर्मचारियों की समय पर उपस्थिति सुनिश्चित करने की मांग की।
यदि किसानों की समस्याओं के समाधान के लिए बनाए गए कार्यालय ही समय पर नहीं खुलेंगे, तो शासन की योजनाओं का लाभ जरूरतमंद किसानों तक समय पर कैसे पहुंच सकेगा, यह बड़ा सवाल है।
क्या कहते हैं अधिकारी
उपसंचालक कृषि विभाग रायसेन के.पी. भगत ने कहा, “कृषि विभाग कार्यालय का समय सुबह 10 बजे से शाम 6 बजे तक है। कार्यालय देर तक क्यों नहीं खुला, इसकी जानकारी एसएडीओ से लेकर आवश्यक कार्रवाई की जाएगी।”


