नसीम खान / Live Khabar india
सांची और रायसेन के किन्नर समुदाय के बीच क्षेत्राधिकार को लेकर चल रहा विवाद अब पुलिस तक पहुंच गया है। शुक्रवार को किन्नर समुदाय के प्रतिनिधियों ने थाना प्रभारी को ज्ञापन सौंपकर आरोप लगाया कि उन्हें जान से मारने की धमकियां दी जा रही हैं। ज्ञापन में कहा गया है कि क्षेत्राधिकार को लेकर लंबे समय से विवाद चल रहा है, लेकिन अब कुछ लोगों द्वारा लगातार धमकियां देकर भय का माहौल बनाया जा रहा है। किन्नर समुदाय ने अपनी जान-माल की सुरक्षा की मांग करते हुए पुलिस से दोषियों के खिलाफ सख्त कानूनी कार्रवाई करने की अपील की है। किन्नरों का कहना है कि यदि समय रहते उचित कार्रवाई नहीं की गई तो कोई अप्रिय घटना घट सकती है, जिसकी पूरी जिम्मेदारी संबंधित लोगों की होगी। उन्होंने प्रशासन से विवाद का स्थायी समाधान निकालने और दोनों पक्षों के बीच शांति बनाए रखने की भी मांग की। पुलिस ने ज्ञापन प्राप्त कर मामले की जांच शुरू करने तथा तथ्यों के आधार पर आवश्यक कार्रवाई का आश्वासन दिया है। फिलहाल पूरे मामले पर पुलिस की नजर बनी हुई है। सांची और रायसेन के किन्नर समुदाय के बीच क्षेत्राधिकार को लेकर चल रहा विवाद अब पुलिस तक पहुंच गया है। सांची के किन्नर समुदाय ने थाना प्रभारी के नाम ज्ञापन सौंपकर रायसेन के कुछ किन्नरों पर जान से मारने की धमकी देने तथा उनके क्षेत्र में हस्तक्षेप करने का आरोप लगाया है।ज्ञापन में सांची के किन्नरों ने आरोप लगाया है कि पिछले दो वर्षों से रायसेन के कुछ किन्नरों द्वारा उन्हें लगातार धमकियां दी जा रही हैं। ज्ञापन में गीता, तमन्ना, नायक, हीना और सकीला (निवासी रायसेन) के नामों का उल्लेख करते हुए आरोप लगाया गया है कि 28 जुलाई को भी उनके साथ मारपीट का प्रयास किया गया। साथ ही उनके क्षेत्र में अवैध वसूली करने तथा वाहन रोककर जान से मारने की धमकी देने का भी आरोप लगाया गया है।
ज्ञापन में यह भी कहा गया है कि उनके विरुद्ध विभिन्न थानों में झूठी शिकायतें दर्ज कराई गई हैं। सांची के किन्नरों ने पुलिस से सुरक्षा प्रदान करने तथा मामले की निष्पक्ष जांच कर आवश्यक कानूनी कार्रवाई करने की मांग की है। उन्होंने यह भी कहा कि यदि भविष्य में उनके या उनके साथियों के साथ कोई अप्रिय घटना होती है तो इसकी जिम्मेदारी ज्ञापन में नामजद व्यक्तियों की होगी।
फिलहाल पुलिस ने ज्ञापन प्राप्त कर मामले की जांच शुरू कर दी है। दोनों पक्षों के बीच क्षेत्राधिकार को लेकर विवाद की सत्यता जांच के बाद ही स्पष्ट हो सकेगी।
मामला अब पुलिस जांच के दायरे में है और आगे की कार्रवाई जांच रिपोर्ट के आधार पर तय की जाएगी।





